Q1. खुदरा व्यापार (रिटेल व्यापार) क्या है? संगठित भारतीय खुदरा बाजार के संदर्भ में खुदरा विक्रेताओं (रिटेलर्स) के लिए चुनौतियों का संक्षेप में वर्णन करें।
- खुदरा व्यापार: वस्तुओं/सेवाओं को अंतिम उपभोक्ता को गैर-व्यावसायिक उपयोग के लिए बेचना।
- संगठित भारतीय खुदरा: सुपरमार्केट, मॉल जैसे आधुनिक प्रारूपों वाला खुदरा बाजार।
- प्रमुख चुनौती: असंगठित क्षेत्र और ई-कॉमर्स से तीव्र प्रतिस्पर्धा।
- मानव संसाधन: प्रशिक्षित कर्मचारियों की कमी, उच्च टर्नओवर, प्रशिक्षण लागत एक बड़ी समस्या।
Answer: खुदरा व्यापार (रिटेलिंग) में वस्तुओं और सेवाओं को सीधे अंतिम उपभोक्ता को व्यक्तिगत या गैर-व्यावसायिक उपयोग के लिए बेचना शामिल है। यह वितरण श्रृंखला का वह अंतिम चरण है जहाँ उत्पाद निर्माता या थोक व्यापारी से उपभोक्ता तक पहुँचता है। BRL-101 पाठ्यक्रम के अनुसार, इसमें भौतिक स्टोर, ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म, मेल ऑर्डर और डायरेक्ट सेलिंग जैसे विभिन्न प्रारूप शामिल हैं, जिनका उद्देश्य ग्राहकों की आवश्यकताओं को पूरा करना है। भारत में संगठित खुदरा बाजार आधुनिक खुदरा प्रारूपों जैसे सुपरमार्केट, हाइपरमार्केट, ड...